कुछ ही महीनों बाद कानपुर शहर के एक और पत्रकार की हत्या की तैयारी कर रहें है हिस्ट्रशीटर के गुर्गे

कानपुर(अमर स्तम्भ):-के हरबंश मोहाल थाना क्षेत्र के रहने वाले कैमरामैन के ऊपर 2 दिन पहले अगवा करने के बाद जानलेवा हमला करने वाले बदमाशों के गुरुओं ने कैमरामैन के ऊपर ही थाने में फर्जी मुकदमा लिखवा दिया हद तो तब हों गई जब हरबंस मोहाल पुलिस ने बगैर जांच किये घायल पत्रकार पर मुक़दमा लिख भी दिया ।  फिलहाल मामले की  शिकायत कैमरामैन ने  उच्च अधिकारियों से की जिसके बाद अधिकारियों ने उसकी मदद करने का पूरा भरोसा दिलाया है मगर अपराधियों के अंदर पुलिस का कतई भी डर नहीं बचा है आज फिर अपराधियों ने कैमरामैन के घर पहुंच कर उसकी खोज की मगर वह हाथ नहीं लगा घटना आपको बताते चले की रविवार को डीजे पर गाना बजाने को लेकर दो पक्षों में विवाद चल रहा था जिसकी सूचना अरुण कश्यप कैमरामैन ने संबंधित थाना हरबंश मोहाल को दी जिसके बाद पुलिस दोनों पक्षों को पकड़कर थाने ले गई थी मगर क्या पता था कि उसकी ही जान पर बनआयेगी  मंगलवार दोपहर  अरुण अपने घर के बाहर बैठा था तभी 15 से 20 अपराधिक प्रवत्ति के युवक आए और तमंचा लगाकर अरुण को ऑटो में भरकर ले गए जिसके बाद पास में बने स्टैंड मे ले जाकर अरूण की पिटाई कर दी पिटाई करने के बाद साथी पिस्तौल निकालकर मारने जा रहे थे तभी जान बचाकर वहां से भागा और पुलिस को सूचना दी।लेकिन अपराधियों पर पुलिस का कोई असर नहीं है आज भी गुट बनाकर अपराधी अरूण की तलाश कर रहें है। हरबंस मोहाल पुलिस को सभी बातों से अवगत कराया गया घटना के एक दिन पहले भी पत्रकार अरूण को लाखन और मनीष ने धमकी दी थी जिसकी रिकार्डिंग थानाध्यक्ष अवस्थी को दी गई थी उसके बाद भी हरबंस मोहाल थानाध्यक्ष ने मामले में गम्भीरता नही दिखाई और 3तारीख को अरूण पर लाखन और मनीष ने हमला कर दिया। अब यदि कल को पत्रकार पर दोबारा कोई हमला हुआ और पत्रकार की जान चली गई तो जिम्मेदार हरबंस मोहाल थाना ही होगा ठीक ऎसा ही एक मामला कुछ महीनों पहले राय पुरवा थानान्तर्गत विजय गुप्ता के साथ हुआ था विजय गुप्ता ने भी अपनी जान का खतरा बताया था उस समय भी रायपुरवा थाने ने मामले में कोई गम्भीरता नही दिखाई थी और बाद में विजय गुप्ता को जान से हाथ धोना पड़ा था हरबंस मोहाल थाना भी अरूण कश्यप के मामले यही उदासिनता दिखा रहा है।